SIR की जांच के लिए पूर्व जजों की स्वतंत्र समिति गठित
वकीलों के संगठन LAFC ने SIR के बाद की स्थिति की जांच के लिए पूर्व जजों की पांच सदस्यीय स्वतंत्र समिति की घोषणा की, जिसका नेतृत्व जस्टिस मदन भीमराव लोकुर करेंगे।

क्या हुआ
वकीलों के एक संगठन (LAFC) ने स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के बाद की स्थिति की जांच के लिए पूर्व जजों की एक स्वतंत्र समिति की घोषणा की है। यह पांच सदस्यीय समिति गठित की गई है, जो SIR अभ्यास से जुड़े विभिन्न पहलुओं की समीक्षा करेगी।
समिति का नेतृत्व और जांच का दायरा
इस पांच सदस्यीय समिति का नेतृत्व सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश जस्टिस मदन भीमराव लोकुर करेंगे। समिति SIR अभ्यास की संवैधानिक और वैधानिक वैधता, कार्यप्रणाली और पात्र मतदाताओं पर इसके समग्र प्रभाव का मूल्यांकन करेगी।
किसने की घोषणा
वकीलों के संगठन (LAFC) ने इस स्वतंत्र समिति की घोषणा की है। समिति के गठन का उद्देश्य SIR के बाद की स्थिति की जांच करना है।
स्रोत:
- The Hindu — www.thehindu.com/news/national/lawyers-group-announces-independent-panel-of-ex-judges-to-enquire-into-sir-aftermath/article71538414.ece
- Aaj Tak — www.aajtak.in/legal-news/story/sir-review-former-judges-justice-madan-lokur-voter-list-constitutional-validity-ntc-agkp-rpti-2659664-2026-10-03?utm_source=rssfeed